B5/17, Model Town 2nd, GT Karnal Road, Delhi 110033कॉल करें: 9313347274पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित द्वारा सम्मानितसुबह 10:00 से शाम 8:00 बजे तकaneesmalik97@gmail.comकिसी ने कैसा भी किया कराया हो — तुरंत आराम देखें
व्यापार

व्यापार की समस्या का समाधान

व्यापार की परेशानी में एक बात बार-बार सुनने में आती है: “काम वही है, मेहनत वही है, पर पहले जैसा चल नहीं रहा।” कभी माल बिकता नहीं, कभी बिक कर पैसा नहीं आता, कभी साझेदार ही धोखा दे देता है।

यहाँ देखा जाता है कि दशा-अंतर्दशा क्या चल रही है, दुकान या दफ़्तर की दिशा में कुछ है, या किसी की नज़र लगी है। साथ ही यह भी साफ़ कहा जाता है कि जो बात हिसाब-किताब या बाज़ार की है, उसका इलाज उपाय नहीं होता।

जिन हालातों में लोग सलाह लेते हैं

  • लगातार घाटा, जबकि काम पहले ठीक चलता था
  • बाज़ार में पैसा फँसा है और वापस नहीं आ रहा
  • साझेदारी में मन-मुटाव या धोखा
  • नया काम शुरू करने का समय तय करना
  • दुकान/दफ़्तर बदलने या नाम रखने पर सलाह

आगे क्या करें

इस विषय का पूरा ब्योरा और उपाय: https://samasyasamadhan.com/services/vyapar-samasya/ — या सीधे 9313347274 पर बात कीजिए।

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सवाल-जवाब

इस विषय पर आम सवाल

जो बात लोग सबसे ज़्यादा पूछते हैं — उसका सीधा उत्तर, बिना घुमाए।

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नया काम शुरू करने का समय भी देखा जाता है?

हाँ। शुरुआत का समय देखा जाता है — और अगर समय ठीक नहीं है तो रुकने की सलाह भी दी जाती है, चाहे सुनने में अच्छी न लगे।

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क्या हर घाटे की वजह ज्योतिषीय होती है?

नहीं। कुछ बातें सीधे हिसाब, बाज़ार या फ़ैसलों की होती हैं, और वह साफ़ बता दिया जाता है। जहाँ कुंडली में कारण दिखता है, वहीं उपाय की बात होती है।

आपका सवाल यहाँ नहीं है?

सीधे पूछ लीजिए। आपकी बात सूफी अनीस जी तक पहुँचेगी और पूर्णतः गोपनीय रहेगी।